प्रमुख उपलब्धियां

क्र.सं. महीना उपलब्धियां
1 फरवरी 2019
2 जनवरी, 2019
  1. संपन्न सौदे : 1. एनएचपीसी लिमिटेड की वापस खरीद : शेयरों की वापस खरीद पेशकश दिनांक 21.01.2019 को सब्सक्रिप्शन के लिए खुली । सरकार को इस वापस खरीद से लगभग 397.90 करोड़ रु. की धनराशि प्राप्त हुई।
  2. सौदे जो प्रगति पर हैं : (i) माह के दौरान आयोजित महत्वपूर्ण बैठकें: (i) शत्रु शेयरों की बिक्री के लिए दिनांक 17.1.2019 को अंतर-मंत्रालय दल (आईएमजी) की बैठक आयोजित की गई। (ii) भारत के शत्रु संपत्ति के अभिरक्षक की अभिरक्षा के अधीन शेयरों की बिक्री के संबंध में दिनांक 31.1.2019 को एचएलसी की बैठक आयोजित की गई। 2. वापस खरीद मामलों की स्थिति : (i) इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) : आईओसीएल के वापस खरीद के संबंध में दिनांक 03.01.2019 को आईएमजी की बैठक आयोजित की गई। (ii) एनएमडीसी लिमिटेड : एनएमडीसी लिमिटेड द्वारा शेयरों की वापस खरीद के लिए उच्च स्तरीय समिति (एचएलसी) और वैकल्पिक तंत्र (एएम) की बैठक दिनांक 09.01.2019 को आयोजित की गई। एएम ने एचएलसी की सिफारिशों पर विचार किया और इस सौदे में सरकार की भागीदारी का अनुमोदन किया। 3. सामरिक विनिवेश मामलों की स्थिति : (i) कामराजार पोर्ट लिमिटेड (केपीएल) : विनिवेश संबंधी सचिवों के प्रमुख दल (सीजीडी) ने दिनांक 23.01.2019 को आयोजित अपनी बैठक में केपीएल के सामरिक विनिवेश के संबंध में पोत परिवहन मंत्रालय के प्रस्ताव पर विचार किया। इस संबंध में, सीसीईए नोट जिसमें सीजीडी की सिफारिश सम्मिलित हैं, की शुरूआत की गई। (ii) एनपीसीसी लिमिटेड : एनपीसीसी लिमिटेड के सामरिक विनिवेश के संबंध में सीजीडी ने दिनांक 23.01.2019 को आयोजित अपनी बैठक में मसौदा शेयर खरीद करार का अनुमोदन किया। (iii) एचएफएल : एचएफएल के सामरिक विनिवेश के संबंध में सीजीडी ने दिनांक 23.01.2019 को आयोजित अपनी बैठक में एचएफएल के बंदीकरण की सिफारिश की। (iv) ड्रेजिंग कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (डीसीआईएल): एएम ने डीसीआईएल के सामरिक विनिवेश के लिए शेयर खरीद समझौते का अनुमोदन किया। (v) एयर इंडिया और इसकी पांच सहायक कंपनियां तथा एक संयुक्त उद्यम: संभावित बोलीदाताओं को जारी किए जाने वाले हित अभिरुचि/प्रारंभिक सूचना ज्ञापन को अंतिम रूप देने के लिए आईएमजी की बैठक दिनांक 31.01.2019 को नागर विमानन मंत्रालय में आयोजित की गई। (vi) पवन हंस लिमिटेड (पीएचएल) : सौदा सलाहकार और कानूनी सलाहकार द्वारा संक्षिप्त-सूचीबद्ध बोलीकर्ताओं से प्राप्त टिप्पणियों की जाँच की गई। 4. प्रारंभिक सार्वजनिक पेशकश के मामलों की स्थिति : (i) एमएसटीसी (आईपीओ): एमएसटीसी की आईपीओ के लिए विज्ञापन एजेंसी की नियुक्ति अंतर-मंत्रालय दल (आईएमजी) द्वारा दिनांक 02.01.2019 को की गई। नियुक्ति पत्र विज्ञापन एजेंसी को भेज दिया गया है। इसके अलावा, इस सौदे के लिए उच्च स्तरीय समिति और एएम की बैठकें दिनांक 29.01.2019 को आयोजित की गईं। एएम ने उच्च स्तरीय समिति की सिफारिशों पर विचार किया और इस सौदे के लिए विनिवेश के प्रतिशत और पेशकश संबंधी अन्य मामलों का अनुमोदन किया। 5. विलय और अधिग्रहण की स्थिति : विलय और अधिग्रहण के संबंध में निम्नलिखित प्रगति हुई : (i) मैसर्स आरबीएसए को परिसंपत्ति मूल्यांकनकर्ता के रूप में नियुक्त किया गया। 6. बिक्री के मामलों की पेशकश की स्थिति: (i) भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (बीईएल) : बीईएल ओएफएस के लिए घरेलू प्रचार-प्रसार कार्यक्रम दिनांक 16 और 17 जनवरी, 2019 को मुंबई में और 24 जनवरी, 2019 को चेन्नई में आयोजित किया गया (ii) हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (हुडको) : हुडको ओएफएस के लिए प्रचार-प्रसार कार्यक्रम दिनांक 23 और 24 जनवरी, 2019 को मुंबई और दिनांक 30 और 31 जनवरी, 2019 को हांगकांग में आयोजित किया गया था।
  • चालू वर्ष 2018-19 के लक्ष्य और अब तक की उपलब्धि

    क्र.सं. वित्त वर्ष लक्ष्य(रुपये करोड़ में) उपलब्धि (रुपये करोड़ में)
    1. 2018-19 80,000 56,473.32

    पिछले 7 वर्षों के लक्ष्य और उपलब्धियां

    क्र.सं. वित्त वर्ष लक्ष्य(रुपये करोड़ में) उपलब्धि (रुपये करोड़ में)
    1. 2011-12 40,000.00 13,894
    2. 2012-13 30,000.00 23,957
    3. 2013-14 40,000.00 15,819
    4. 2014-15 43,425.00 24,349
    5. 2015-16 41,000.00 (सामरिक विनिवेश से 28,500 रुपये को छोड़कर) 23,997*
    6. 2016-17 56,500 (जिसमें सीपीएसईस के विनिवेश से 36,000 करोड़ रुपये और सामरिक विनिवेश से 20,500 करोड़ रुपये शामिल हैं।) 46,246.58 (जिसमें सीपीएसईस के विनिवेश से 35,467.87 करोड़ रुपये और सामरिक धारिता के विनिवेश तथा एसयूयूटीआई के निवेश के प्रबंधन से आय से 10,778.71 करोड़ रुपये करोड़ रुपये शामिल हैं।)
    7. 2017-18 1,00,000 1,00,056.91

    बजट घोषणाएं और कार्यान्वयन स्थिति, 2018-19

    क्र.सं. पैरा सं. घोषणा का सार कार्यान्वयन स्थिति
    1. 102 सरकार और बाजार नियामकों ने मौद्रीकरण माध्यमों जैसे कि इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट(InvIT) और रियल इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट(ReIT) के विकास के लिए आवश्यक उपाय किए हैं। सरकार अगले वर्ष से InvIT का उपयोग करते हुए चुनिंदा सीपीएसईस की परिसंपत्तियों का मौद्रीकरण करना आरंभ करेगी। सीपीएसईस की परिसंपत्तियों का मौद्रीकरण करने के लिए विभागसंस्थागत ढ़ांचे का मसौदा तैयार कर रहा है।
    2. 123 सरकार ने दो बीमा कंपनियों सहित 14 सीपीएसईस को स्टॉक एक्सचेंजों में सूचीबद्ध करने हेतु अनुमोदन प्रदान किया है। सरकार ने 24 सीपीएसईस में सामरिक विनिवेश की प्रक्रिया भी आरंभ् कर दी है। इसमें एयर इंड़िया का सामरिक निजीकरण भी शामिल है। (i) इनमेँ से ओएनजीसी-एचपीसीएल सौदा वित्त वर्ष 2017-18 के दौरान संपन्न कर लिया गया है। 23 सीपीएसईस/सीपीएसईस की इकाईयों की विनिवेश प्रक्रिया कार्यान्वयन के विभिन्न चरणों में है।

    (ii) एयर इंड़िया के लिए ईओआई/पीआईएम 28.03.2018 को जारी किया गया था। कोई बोली प्राप्त नहीं हुई।
    3. 125 सरकार ने 14,500 करोड़ रू. जुटाने के लिए ईटीएफ भारत 22 की शुरूआत की जो सभी खण्ड़ों में ओवरस्बस्क्राइब हुआ। दीपम ऋण ईटीएफ सहित और ईटीएफ पेशकशें लाएगा। (i) माननीय वित्त मंत्री ने ऋण ईटीएफ के सृजन,शुरूआत और कार्यान्वयन के लिए एक सलाहकार, एक बाजार निर्माता और एक विधिक सलाहकार की नियुक्ति के लिए अंतर-मंत्रालय समूह(आईएमजी) के गठन का अनुमोदन प्रदान कर दिया है।

    (ii) आईएमजी ने सलाहकार की नियुक्ति के लिए प्रस्ताव हेतु अनुरोध(आरएफपी) अनुमोदित कर दिया है। सलाहकार की नियुक्ति हेतु इच्छुक पार्टियों से बोलियां आमंत्रित करने के लिए प्रस्ताव हेतु अनुरोध(आरएफपी) जारी कर दिया गया है।

    बजट घोषणाएं और कार्यान्वयन स्थिति, 2017-18

    क्र.सं. पैरा सं. घोषणा का सार कार्यान्वयन स्थिति
    1. 104 रेलवे पीएससीस जैसे कि आईआरसीटीसी, आईआरएफसी और इरकॉन के शेयरों को स्टॉक एक्सचेंजों में सूचीबद्ध किया जाएगा। (i) बीआरएलएम,विधिक सलाहकारों, पंजीयकोंऔर लेखापरीक्षकों जैसे मध्यस्थों की नियुक्ति कर ली गई है।

    (ii) बीआरएलएम तथा सीपीएसईस द्वारा उचित उद्यमिता की जा रही है।

    कार्यान्वयन के अधीन

    2. 103 सरकारी क्षेत्र के उद्यमों के सूचीकरण से जनता के प्रति जवाबदेही बढ़ जाएगी और इन कंपनियों का वास्तविक मूल्य निर्मुक्त हो जाएगा। सरकार अभिज्ञात सीपीएसईस का स्टॉक एक्सचेंजों में समयबद्ध सूचीकरण सुनिश्चित करने के लिए एक संशोधित तंत्र और क्रियाविधि स्थापित करेगी। पिछले बजट में मैंने जिस विनिवेश नीति की घोषणा की थी, वह जारी रहेगी। जैसाकि बजट 2017-18 में घोषित किया गया है, सरकार ने सीपीएसईस के सूचीकरण के लिए संकेतात्मक समय-सीमा के साथ एक तंत्र/क्रियाविधि की 17.02.2017 को शुरूआत की है। प्रशासनिक मंत्रालयों/विभागों से लागू अधिनियमों, नियमों और विनियमों के अनुसार अभिज्ञात सीपीएसईस का समयबद्ध सूचीकरण संपन्न करने का अनुरोध किया गया है।

    कार्यान्वित

    3. 106 10 सीपीएसईस के शेयरों वाले हमारे ईटीएफ को हाल ही की अनुवर्ती फंड पेशकश (एफएफओ) को जबरदस्त प्रतिक्रिया हासिल हुई है। आगे भी शेयरों के विनिवेश के लिए हम ईटीएफ का एक साधन के रूप में उपयोग करते रहेंगे। तद्नुसार, एक नए ईटीएफ की वर्ष 2017-18 में शुरूआत की जाएगी जिसमें विविधीकृत सीपीएसईस के शेयर और अन्य सरकारी शेयरधारिता शामिल होगी। (i) जैसा कि वर्ष 2017-18 के बजट में घोषणा की गई थी भारत 22 की नई फंड पेशकश सब्सक्रिप्शन हेतु 14 नवंबर, 2017 को खोली गई थी। पेशकश निवेशकों के सभी हलकों में ओवरसब्सक्राइब हुई जैसे कि स्थायी निवेशक, रिटायरमेंट फंड, खुदरा निवेशक व अन्य अर्थात क्यूआईबी/एचएनआई। निवेशकों से 3.30 लाख से भी अधिक आवेदन प्राप्त हुए थे।

    (ii) जबकि स्थायी खंड 6 गुना ओवर सब्सक्राइब हुआ और पेशकश कुल मिलाकर 4 गुना से भी अधिक ओवर सब्सक्राइब हुई। एफआईआई श्रेणी के अधीन निर्गम से लगभग 1.5 बिलियन अमरीकी डॉलर (10,000 करोड़ रुपये) की धनराशि प्राप्त हुई।

    (iii) बड़ी संख्या में निवेशकों, विशेषकर खुदरा और रिटायरमेंट फंड श्रेणी के निवेशकों की मांग को पूरा करने के उद्देश्य से सरकार ने पेशकश के निर्गम के आकार को 14,500 करोड़ रुपये तक बढ़ाकर ओवर सब्सक्रिप्शन के भाग को अपने पास रखने का निर्णय लिया।

    कार्यान्वित